ई-मुंबई के लिए करो या मरो मैच

चेन्नई, अब तक उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाई चेन्नई सुपर किंग्स और मुंबई इंडियंस की टीमें आईपीएल में शनिवार को करो या मरो के मुकाबले में आमने-सामने होंगी। जहां दोनों का मकसद प्लेऑफ की दौड़ में बने रहने की उम्मीदें जिंदा रखना होगा। आईपीएल की दो सबसे कामयाब टीमों का सफर अब तक निराशाजनक रहा है और दोनों लय पाने के लिए जूझ रही हैं। सीएसके के लिए एमए चिदंबरम स्टेडियम की पिचें हमेशा फायदेमंद रही हैं, लेकिन इस बार टीम का वही पुराना असर नहीं दिखा है। सीएसके की बल्लेबाजी में लगातार अच्छा प्रदर्शन नहीं हुआ है, खासकर मिडिल ओवर्स में बल्लेबाजों ने अच्छा नहीं किया। गेंदबाज भी दबाव में बेहतर नहीं कर पा रहे हैं। मुंबई इंडियंस का प्रदर्शन भी इस सीजन उतार-चढ़ाव भरा रहा है। टॉप ऑर्डर के अच्छे खेल के बावजूद, पांच बार की चैंपियन टीम को कमजोर मिडिल ऑर्डर और गेंदबाजों ने निराश किया है।
सीएसके को उम्मीद होगी कि उसके स्पिनर चेपॉक की धीमी पिच का फायदा उठा पाएंगे, जबकि मुंबई की टीम स्पिन का सामना करने के लिए अपने पावर हिटर्स पर निर्भर रहेगी। चेन्नई और मुंबई की मौजूदा फॉर्म को देखते हुए कोई भी टीम साफ तौर पर जीत की दावेदार नहीं है, जिससे यह मुकाबला आईपीएल की सबसे बड़ी टक्कर के बजाय अब अस्तित्व की लड़ाई बन गया है। आठ मैचों में तीन जीत के साथ छठे नंबर पर मौजूद सीएसके को लगातार खराब प्रदर्शन, खराब नेट रन रेट और महेंद्र सिंह धोनी की लंबे समय से गैरमौजूदगी की वजह से प्लेऑफ में पहुंचने को लेकर अनिश्चितता का सामना करना पड़ रहा है। संजू सैमसन सीएसके के सबसे सफल बल्लेबाज रहे हैं। गेंदबाजी में जेमी ओवरटन और अंशुल कंबोज ने सीएसके के लिए अच्छा प्रदर्शन किया है, लेकिन उन्हें बाकी गेंदबाजों से पूरा साथ नहीं मिला है।



