अस्पताल में ऑक्सीजन सिलेंडर से मरीज की चली गई जान, सच जानकर उड़ जाएंगे होश

हजारीबाग: झारखंड के हजारीबाग का शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल बदहाली की अवस्था में पहुंच गया है. जहां से पहले डॉक्टर की कमी, लंबी लाइन, दवा का अभाव, खराब इलाज जैसी खबरें आती थीं, अब वहीं से हैरान करने वाला मामला भी सामने आया है. यहां हाल ही में एक मरीज की मौत ऑक्सीजन की कमी से हो गई, जबकि अस्पताल में ऑक्सीजन प्लांट भी लगाया गया था. लेकिन, 11 महीने से दो ऑक्सीजन प्लांट बंद हैं.
दरअसल, हजारीबाग के ग्वालटोली चौक के रहने वाले कालीचरण गोप सड़क दुर्घटना में घायल हो गए, जिसके बाद उन्हें आनन-फानन में शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल लाया गया. यहां ऑक्सीजन के कमी से उनकी मौत हो गई. इस मामले को लेकर मृतक कालीचरण गोप के भाई उमेश गोप ने सदर थाने में आवेदन भी दिया है. यह मामला इसलिए भी गंभीर है, क्योंकि अस्पताल प्रशासन की एक बड़ी लापरवाही यहां देखने को मिली.
लगाए गए 3 सिलेंडर, तीनों खाली
इस संबंध में मृतक कालीचरण गोप के भाई उमेश गोप ने बताया कि उनके भाई 26 सितंबर को हजारीबाग के हुरहुरू रोड पर अनियंत्रित पिकअप वैन की चपेट में आने से गंभीर रूप से घायल हो गए थे. उन्हें तुरंत शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया. भाई को गंभीर चोटें आई थीं. उन्हें सांस लेने में परेशानी हो रही थी. चिकित्सकों को सूचित करने के बाद ऑक्सीजन सिलेंडर लगाया गया. आरोप है कि ऑक्सीजन सिलेंडर खाली था. इसी प्रकार तीन सिलेंडर लगाए गए, सभी खाली निकले. अंततः ऑक्सीजन न मिलने के कारण उनके भाई की मौत हो गई.



