मुंबई बीएमसी चुनावों के लिए कब पत्ते खोलेंगे उद्धव ठाकरे? जानें सबकुछ

BMC Election News: मुंबई में बीएमसी चुनावों का इंतजार काफी समय से हो रहा है। चुनाव आयोग की तैयारियों को देखें तो इस महीने के आखिर तक स्थिति साफ हो जाएगी। सर्दी के मौसम में महाराष्ट्र में सियासी पारा चढ़ने की उम्मीद की जा रही है। शिवसेना यूबीटी प्रमुख उद्धव ठाकरे के सामने मुंबई का गढ़ बचाने की बड़ी चुनौती है।
मुंबई: राजनीतिक दलों के लिए लोकल चुनाव सबसे ज्यादा कठित होते हैं। महाराष्ट्र में करीब आठ साल के अंतराल पर मुंबई में बीएमसी के चुनाव होंगे। इन चुनावों में एक बार महायुति और महाविकास आघाड़ी के बीच टक्कर होने की उम्मीद की जा रही है। बीएमसी चुनावों की प्रक्रिया इस महीने के आखिर में शुरू होने की उम्मीद की जा रही है। संभावना जताई जा रही है कि सर्दी में सियासी पारा चढ़ेगा। वैसे तो पूरे महाराष्ट्र में चुनाव होने हैं लेकिन मुंबई में लोगों की अधिक दिलचस्पी है। शिवसेना यूबीटी के प्रमुख उद्धव ठाकरे ने अभी अपने पत्ते नहीं खोले हैं कि वह कैसे एमवीए में रहकर मनसे को साधेंगे? बुधवार को वह अपने चचेरे भाई के आवास शिवतीर्थ पर ढाई घंटे तक रहे। बाद में जानकारी सामने आई कि वह अपनी चाची यानी राज ठाकरे की मां से मिलने के लिए गए थे। बीएमसी का कार्यकाल 7 मार्च 2022 को समाप्त हो गया था।
1. विजयादशमी रैली पर ऐलान संभव: ऐसा माना जा रहा है कि शिवसेना यूबीटी के प्रमुख उद्धव ठाकरे अपने भाई राज ठाकरे की अगुवाई वाली मनसे के साथ गठबंधन का ऐलान दशहरा रैली में कर सकते हैं, हालांकि अभी तक सीट शेयरिंग और गठबंधन को लेकर प्रारूप सामने नहीं आया है। सूत्रों का कहना है कि कुछ नेता इसे अंतिम रूप दे रहे हैं।
2. दिसंबर में हो सकते हैं चुनाव: मुंबई में बीएमसी चुनाव दिसंबर महीने में होने की संभावना व्यक्त की जा रही है। अगर कुछ देरी हुई तो चुनाव जनवरी तक खिसक सकते हैं। चुनाव आयोग के सूत्रों का कहना है कि इस महीने के आखिर तक चीजें साफ हो जाएगी। वार्डों का सीमांकन होते ही प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। मुंबई में आखिरी चुनाव 2017 में हुए थे।
3. कोटे में कोटा का फॉर्मूला: राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि उद्धव ठाकरे एमवीए में रहते हुए ही चुनावों में जाएंगे। वह अपने कोटे की सीटों में ही मनसे को समायोजित कर सकते हैं। 2017 में शिवसेना और बीजेपी अलग-अलग लड़े थे लेकिन तब और अब की स्थितियां अलग हैं। शिवसेना कमजोर हुई है।
4. राज ठाकरे को दिया है न्योता: शिवतीर्थ पर राज ठाकरे और उद्धव की मुलाकात के दौरान यूबीटी के सांसद संजय राउत, विधायक अनिल परब और मनसे नेता बाला नांदगांवकर भी मौजूद रहे थे। सूत्रों का दावा है कि बैठक में मनपा चुनाव की तैयारियों पर दोनों भाइयों ने मंथन किया तथा गठबंधन की संभावनाओं को और मजबूत बनाने के लिए उद्धव ने राज को यूबीटी के आगामी दशहरा सम्मेलन में आने का न्योता भी दिया।



