‘स्टेटस वाला वीडियो भेजें’! भाई को रोशनी का आखिरी संदेश, अहमदाबाद प्लेन हादसे में सब कुछ खत्म

रत्नागिरी: हमेशा मुस्कुराने और मिलनसार स्वभाव वाली रोशनी सोंघरे ने गरीबी के बावजूद उच्च शिक्षा प्राप्त कर अपने परिवार का सपना पूरा किया। 7 जून को वह अपने माता-पिता के साथ मंडनगढ़ तालुका के बुरी गांव आई थी। 8 जून को उसका पूरा परिवार गांव के देवता के कार्यक्रम में शामिल होने गांव आया था। गांव में उसके रिश्तेदारों के जेहन में उस समय की यादें आज भी ताजा हैं। अहमदाबाद में एयर इंडिया का विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। इसमें 241 लोग मारे गए थे। इनमें से 12 क्रू मेंबर भी थे। रोशनी सोंघरे उनमें से एक थीं। अपनी यादें बताते हुए उनके चचेरे भाई की आवाज भर्रा गई।
रोशनी की बात करते रो पड़े भाई
‘मैंने अपने व्हाट्सएप स्टेटस पर गांव के कार्यक्रमों के वीडियो डाले थे। 10 जून को उसने मेरा स्टेटस वीडियो देखकर मुझे मैसेज किया था। उसने रविवार की सुबह मुझे मैसेज किया था, जिसमें लिखा था, ‘अपने मंदिर में होने वाले सभी कार्यक्रमों के वीडियो मुझे भेजो।’ मुझे नहीं पता था कि यह मैसेज उसका आखिरी मैसेज होगा। मैंने कभी नहीं सोचा था कि ऐसा होगा।’ रोशनी के चचेरे भाई विनायक सोंघरे यह कहते हुए रो पड़े।
सगी बहन से भी ज्यादा प्यार करती थी रोशनी
विनायक ने बताया कि ‘रोशनी मुझे सगी बहन से भी ज्यादा प्यार करती थी। हम साथ खेलते थे। वह मेरे बारे में दिलचस्पी से पूछती थी। यह भी पूछती थी कि तुम गांव कब आए। मुझे दो-तीन दिन की छुट्टी मिली थी, इसलिए मैं मां-बाप के साथ गांव आ गया। उसने अलविदा कहा और कहा, ‘फिर मिलेंगे’ और यही मेरी आखिरी याद है,’ । यह कहते हुए वह भावुक हो गए।
गांव के देवता की पूजा में आई थी रोशनी
दरअसल रोशनी गांव के देवता के कार्यक्रम में सबके साथ हंसते-खेलते शामिल हुई थी। रोशनी ने अपनी चचेरी बहन और भाभी के साथ मंदिर में रंगोली भी बनाई थी। इतना ही नहीं, कार्यक्रम के मौके पर आयोजित नृत्य में भी वह शामिल हुई थी। यही उसकी आखिरी यादें हैं। सोनघरे परिवार इन सभी यादों को याद करते हुए दुखी था। रोशनी के चाचा, चाची, दादी, दादा, बहन और भाभी सभी उसके बारे में बात करते-करते रुंध गए। रोशनी की असामयिक मौत ने सोनघरे परिवार पर दुखों का पहाड़ गिरा दिया है।



