अलास्का में नहीं आए असली पुतिन,अजीब हरकतों से उठे सवाल ! क्या ट्रंप को ‘बॉडी डबल’ बना गया मूर्ख ?

International Desk: अमेरिका के अलास्का में 15 अगस्त को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की मुलाकात हुई। बैठक का मकसद यूक्रेन युद्ध को रोकने के लिए किसी तरह के समझौते पर बातचीत करना था लेकिन इस ऐतिहासिक मुलाकात के तुरंत बाद सोशल मीडिया पर एक नया विवाद खड़ा हो गया है। कई यूज़र्स का दावा है कि इस मुलाकात में दिखने वाला शख्स असल में पुतिन नहीं, बल्कि उनका “बॉडी डबल नंबर-5” हो सकता है। सोशल मीडिया पर अजीबोगरीब थ्योरीज़ घूमने लगीं क्या वाकई पुतिन खुद अलास्का आए थे या फिर उनका बॉडी डबल भेजा गया?
KGB ट्रेनिंग वाला अंदाज़ नहीं दिखा
कुछ लोगों का कहना है कि उस शख्स की चाल और हाथों का हावभाव पुतिन से अलग था। उनका दावा है कि पुतिन हमेशा अपने दाहिने हाथ को स्थिर रखकर चलते हैं यह आदत उनकी KGB ट्रेनिंग से जुड़ी बताई जाती है। उस ट्रेनिंग में एजेंट्स को सिखाया जाता था कि हथियार वाले हाथ को हमेशा तैयार रखें, ताकि ज़रूरत पड़ने पर तुरंत बंदूक निकाली जा सके।
चेहरे और गालों पर उठे सवाल
कई यूज़र्स ने चेहरे की तुलना करते हुए कहा कि इस बार पुतिन के गाल ज्यादा भरे हुए लगे और वह बार-बार हंसने की कोशिश कर रहे थे। कुछ ने व्यंग्य करते हुए लिखा कि “पुतिन के कई डुप्लीकेट्स बनाए गए हैं, जिन्हें अलग-अलग मौकों पर भेजा जाता है।”
सोशल मीडिया पर मज़ाक और मीम्स
यह थ्योरी जैसे ही फैली, ट्विटर और रेडिट पर मीम्स और चुटकुलों की बाढ़ आ गई। कई लोगों ने कहा कि यह “बॉडी डबल नंबर-5” वाला मामला किसी फिल्मी स्क्रिप्ट जैसा लगता है। एक यूजर ने मज़ाक करते हुए लिखा-“यह असली पुतिन नहीं है। असली वाला नहीं आया बल्कि ‘जॉवियल पुतिन’ भेजा गया है, जिसे छोटे इवेंट्स के लिए इस्तेमाल किया जाता है।” थ्योरी यहीं नहीं रुकी। कुछ लोगों ने दावा किया कि यह पुतिन का “बॉडी डबल नंबर-5” हो सकता है। अलास्का में दिखे पुतिन की चाल-ढाल में अलग बात नज़र आई। कई यूजर्स ने दोनों चेहरों की तस्वीरों की तुलना करते हुए कहा- “गाल ज़्यादा मोटे लग रहे थे।” “वह बार-बार हंसने की कोशिश कर रहे थे, जबकि असली पुतिन शायद ही कभी इतना मुस्कुराते हों।”
क्या सच में पुतिन के कई डुप्लीकेट्स?
सोशल मीडिया पर मजाकिया ढंग से यह भी कहा गया कि पुतिन के कई डुप्लीकेट्स तैयार किए गए हैं जिन्हें अलग-अलग मौकों पर भेजा जाता है। हालांकि, रूस की ओर से इस बारे में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। अब सवाल यह है कि यह सब सिर्फ सोशल मीडिया की कल्पना है या वाकई पुतिन का बॉडी डबल अलास्का गया था।



