नौकरी की तलाश में क्यों हैं परेशान? अगर है सॉलिड बिजनेस आइडिया तो सरकार खुद देगी ₹50 लाख को लोन

Pradhan Mantri Rojgar Srijan Yojana: प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम योजना (PMEGP) बेराजगार लोगों के लिए लाभकारी साबित हो रही है. बिहार के भागलपुर के राजीव प्रदीप ने पीएमईजीपी से 30 लाख लोन लेकर छोटे व्यवसाय में मिसाल कायम की है. उन्होंने इस योजना से अपना रोजगार शुरू किया है. उन्होंने इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद दिया है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) एक ऐसी योजना है, जो ग्रामीण और शहरी आबादी के भटकते हुए बेरोजगार युवकों के लिए रोजगार का बड़ा साधन है.
सबौर इलाके के राजीव प्रदीप ने इस योजना से 30 लाख तक का लोन लिया है. इस लोन से उन्होंने अपने घर के आसपास खाली पड़ी जमीन को लीज पर लिया और वहां कंक्रीट प्रोडक्ट में पेवर्स ब्लॉक, चेकर टाइल्स, कंक्रीट बेंच, ब्रिज ब्लॉक, वेंटिलेशन और कवर ब्लॉक बनाते हैं. इसके अलावा उन्होंने टोफू (सोया पनीर) का कारोबार भी शुरू किया है.
क्या है प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना?
भारत सरकार की यह योजना बेरोजगारों को स्वरोजगार से जोड़ने की महत्वाकांक्षी योजना है, जिसके अन्तर्गत 50 लाख रुपये तक की परियोजना लागत की इकाईयों को बैंकों से वित्त पोषण प्रदान कराकर सरकारी सहायता के रूप में 15 से 35 प्रतिशत तक मार्जिन मनी अनुदान दिया जाता है. योजना का क्रियान्वयन जिला उद्योग केन्द्र द्वारा शहरी व ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में किया जा रहा है.
प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना की शर्ते
- योजनान्तर्गत लाभ प्राप्त करने हेतु लाभार्थी का कम से कम आठवीं पास होना आवश्यक है.
- लाभार्थी की आयु 18 वर्ष से अधिक होनी चाहिए, अधिकतम आयु की कोई सीमा निर्धारित नहीं है.
- लाभार्थी अथवा उसके परिवार द्वारा राज्य/केन्द्र सरकार की किसी अन्य अनुदानपरक योजना के अन्तर्गत सब्सिडी का लाभ न प्राप्त किया गया हो.
- लाभ न प्राप्त किया गया हो.
- लाभार्थी किसी बैंक का डिफाल्टर नहीं होना चाहिए.
- लाभ प्राप्त करने हेतु आवेदकों द्वारा जिला उद्योग केन्द्र को आवेदन
कैसे करना है अप्लाई?
- आवेदक ऑनलाईन पोर्टल kviconline.gov.in पर आवेदन
- कर सकते हैं. आवेदन करते समय एजेंसी का नाम DIC को सलेक्ट
- करना होगा. आवेदक का नवीनतम कलर्ड फोटो, आधारकार्ड, निवास
- प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, शैक्षिकयोग्यता प्रमाण पत्र, बैंक पासबुक
- प्रोजेक्ट रिपोर्ट तथा कार्यस्थल निजी होने का प्रमाण पत्र अथवा 7 वर्ष
- की किरायेदारी का अनुबन्ध पत्र आदि संलग्न करना होगा.



