चीन को लगेगी मिर्ची! 5 मंत्रियों ने की अगुवाई… गार्ड ऑफ ऑनर, पीएम मोदी का श्रीलंका में शानदार स्वागत

नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी अपनी विदेश यात्रा के दूसरे चरण में थाईलैंड से शनिवार को श्रीलंका पहुंचे। पीएम मोदी तीन दिन तक श्रीलंका में रहेंगे। खास बात है कि श्रीलंका पहुंचने पर पीएम मोदी का जिस तरह से स्वागत हुआ उससे चीन को लगेगी मिर्ची। पीएम मोदी के श्रीलंका पहुंचने पर 5 मंत्रियों ने उनकी अगुवाई की। पीएम मोदी को कोलंबो में सेरेमोनियल गार्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया। पीएम मोदी की इस यात्रा पर चीन की निश्चित रूप से नजरें लगी हैं। हिंद महासागर क्षेत्र चीन के बढ़ते प्रभाव के बीच यह यात्रा अधिक अहम है।
पीएम का शानदार स्वागत
पीएम मोदी के श्रीलंका पहुंचने पर श्रीलंका सरकार के पांच मंत्री वहां मौजूद थे। इन मंत्रियों ने पीएम मोदी की अगुवाई की। इसके अलावा भारतीय समुदाय के कई लोग भी पीएम की एक झलक पाने के लिए एयरपोर्ट पर मौजूद थे। भारी बारिश के बावजूद, सैकड़ों श्रीलंकाई और प्रवासी भारतीय सड़कों पर खड़े थे। प्रधानमंत्री के पहुंचते ही ये लोग मोदी-मोदी के नारे लगाने लगे। इसके बाद शनिवार को कोलंबो के इंडिपेंडेंस स्क्वायर पर पीएम मोदी का भव्य औपचारिक स्वागत किया गया। स्वागत समारोह में प्रधानमंत्री हरिनी अमरसूर्या और दिसानायके के मंत्रिमंडल के प्रमुख सदस्य भी उपस्थित थे।
पीएम मोदी को खास सम्मान
श्रीलंका में प्रधानमंत्री मोदी को मित्र विभूषण पदक से सम्मानित किया गया है। मोदी को यह सम्मान द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने और दोनों देशों की साझा सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को बढ़ावा देने के उनके असाधारण प्रयासों के कारण दिया गया है। यह किसी विदेशी राष्ट्र द्वारा पीएम मोदी को प्रदान किया गया 22वां अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार है। असाधारण वैश्विक मित्रता को मान्यता देने के लिए विशेष रूप से स्थापित यह पदक भारत-श्रीलंका संबंधों की गहराई और गर्मजोशी को दर्शाता है। धर्म चक्र साझा बौद्ध विरासत का प्रतिनिधित्व करता है जिसने दोनों देशों की सांस्कृतिक परंपराओं को आकार दिया है।
पीएम मोदी ने प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता
मोदी राष्ट्रपति दिसानायके के साथ अब प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता कर रहे हैं। बैठक के बाद भारत और श्रीलंका द्वारा लगभग 10 क्षेत्रों को लेकर सहमति व्यक्त किये जाने की उम्मीद है जिनमें रक्षा, ऊर्जा सुरक्षा और डिजिटलीकरण के क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा देना शामिल है।


