एयर गन से बंदर की हत्या के बाद आरोपी गिरफ्तार, एक्शन मोड पर वन विभाग, संरक्षण को लेकर शुरू किया विशेष अभियान

कवर्धा । भोरमदेव थाना क्षेत्र के राजानवागांव में एक युवक महेश सोनी ने घर में रखी एयर गन से बंदर की हत्या कर दी, आरोपी को पुलिस ने तुरंत गिरफ्तार कर लिया. घटना के बाद गांव में तनावपूर्ण माहौल पैदा हो गया और लोग इस मुद्दे पर बवाल मचाने लगे। , लेकिन इस घटना ने बंदरों के गांव की ओर आने की वजह और उनके संरक्षण को लेकर एक नई बहस शुरू कर दी है।
वन विभाग ने अब इस समस्या के समाधान के लिए एक अभियान चलाने की बात कही है। विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जंगलों की घटती संख्या और दर्शनीय स्थलों पर जाने वाले लोगों द्वारा बंदरों को खिलाए जाने वाले खाद्य पदार्थ उनके गांव और शहरों की ओर आने का मुख्य कारण बन रहे हैं। इससे न केवल उनकी संख्या में बढ़ोतरी हो रही है, बल्कि उनकी जीवनशैली में भी बदलाव आ रहा है। इसके अतिरिक्त, बंदरों के शहरों की ओर आने से मंकीपॉक्स जैसी बीमारियाँ भी फैलने की आशंका हैं।
वन विभाग के एसडीओ अभिनव कुमार ने बताया कि वन विभाग बंदरों को सुरक्षित रखने और उन्हें जंगल तक सीमित रखने के लिए एक व्यापक अभियान चला रहा है। इस अभियान के तहत, पिकनिक स्पॉट और दर्शनीय स्थलों पर बैनर और पोस्टर लगाकर लोगों से बंदरों को खाना न देने की अपील की जा रही है। इसके साथ ही, वन विभाग अपने वृक्षारोपण कार्यक्रम में फलदार वृक्षों को बढ़ावा दे रहा है, ताकि जंगल में बंदरों को पर्याप्त भोजन मिल सके। जंगल में पानी की समस्या को दूर करने के लिए तालाब और स्टॉप डैम भी बनाए जा रहे हैं।
इंसानों की बढ़ती जनसंख्या के कारण घट रहे जंगल
गौरतलब है कि इंसानों की बढ़ती जनसंख्या और घटते जंगल जंगली जानवरों को शहरों की ओर आने पर मजबूर कर रहे हैं। इस समस्या का समाधान करने के लिए सरकारी तंत्र और आम लोगों को मिलकर सामूहिक प्रयास करने की जरूरत है, ताकि जंगली जानवरों को उनके प्राकृतिक आवास में ही बेहतर जीवन मिल सके।



