मार्च में लगेगा खरमास, 14 मार्च से बंद हो जाएंगे शादी-विवाह और अन्य शुभ कार्य

Kharmas 2025 Date: मार्च के महीने में शादी या नया घर प्रवेश करना चाहते हैं, तो 14 मार्च से पहले कर लें. क्योंकि 14 मार्च के बाद खरमास शुरू हो जाएगा. इस समय कोई भी शुभ कार्य नहीं होगा. धार्मिक मान्यता अनुसार संक्रांति तिथि बहुत ही महत्वपूर्ण होती है. वहीं सूर्य देव के राशि गोचर करने की तिथि को संक्राति कहते हैं. इस तिथि से लेकर सूर्य देव एक राशि में अगले 30 दिनों तक विराजमान रहते हैं. उसके बाद दूसरी राशि में गोचर करते हैं. सूर्य देव के धनु से मीन राशि में गोचर करने पर खरमास दोष लगता है. ऐसी मान्यता है कि उस समय अवधि में कोई भी विवाह और मंगलकारी कार्य नहीं करना चाहिए.
मार्च में लगेगा खरमास
वैदिक पंचांग के अनुसार 12 मार्च को सूर्य देव कुंभ राशि में गोचर करेंगे. इसके बाद 13 मार्च तक विराजित रहेंगे. इसके बाद 14 मार्च को सूर्य देव मीन राशि में गोचर करेंगे. सूर्य के इसी गोचर के साथ 14 मार्च से खरमास दोष आरंभ हो जाएगा. इसके बाद कोई मंगल कार्य एक महीने तक नहीं होगा. फिर उसके बाद सूर्य देव 14 अप्रैल को मीन राशि से निकलकर मेष राशि में विराजमान होंगे. खरमास समाप्त होगा.
मार्च में गृह प्रवेश
मार्च में गृह प्रवेश के लिए भी शुभ मुहूर्त हैं. इनमें 1 मार्च शनिवार, 5 मार्च बुधवार, 6 मार्च गुरुवार, 14 मार्च शुक्रवार को गृह प्रवेश का आयोजन किया जा सकता है.
खरमास में क्यों नहीं करना चाहिए शुभकार्य
ज्योतिषाचार्य गंगौर निवासी बमबम झा ने बताया कि सूर्य देव के धनु से मीन राशि में गोचर करने के समय गुरु का प्रभाव शून्य हो जाता है. वहीं ऐसा माना जाता है कि कोई भी शुभ कार्य के लिए गुरु के प्रभाव का होना अति आवश्यक और मंगलमय होता है. 14 मार्च को सूर्य देव धनु से मीन राशि में गोचर करेंगे. इसी दिन से खरमास दोष लगेगा.
विवाह शुभ मुहूर्त
हालांकि इससे पहले इस वर्ष मार्च महीने में विवाह या मंगल कार्य के लिए कई शुभ लग्न मुहूर्त हैं. मार्च माह वैवाहिक कार्य के लिए अधिक पसंद किया जाने वाला माह है. जिससे इस समय न तो ज्यादा सर्दी रहती है और न ही ज्यादा गर्मी होती है. साथ ही बसंत ऋतु में विवाह जैसे कार्यक्रम करना लोगों को अधिक पसंद होता है. मार्च 2025 में विवाह की तिथियां 1, 2, 6, 7 और 12 मार्च तक है.



