वोटर लिस्ट में नाम जोड़ना हुआ धीमा, CEO ऑफिस के पास पहुंचे ढेरों फॉर्म

नई दिल्लीः दिल्ली में चल रहे SIR के तहत वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने, हटाने और संशोधन के लिए बड़ी संख्या में आवेदन सीईओ ऑफिस के पास पहुंचे हैं लेकिन इनके निस्तारण की रफ्तार फिलहाल काफी धीमी है।
20 सितंबर तक आए इतने आवेदन
20 सितंबर तक के आंकड़ों के अनुसार, अब तक 84,263 फॉर्म-6 जमा किए गए हैं, जिनमें से केवल 367 का निस्तारण हुआ है यानी कुल प्राप्त आवेदनों में महज 0.44% का ही निस्तारण हुआ है। हालांकि, अब क्लेम और ऑब्जेक्शन की अवधि को बढ़ा दिया गया है तो उम्मीद है कि यह संख्या बढ़ जाएगी।
फॉर्म-6ए के कितने आवेदन हुए जमा
इसी तरह विदेश में रहने वाले भारतीय नागरिकों के लिए इस्तेमाल होने वाले फॉर्म-6ए के 174 आवेदन जमा हुए हैं। इनमें सिर्फ दो का निस्तारण हुआ है। वोटर लिस्ट से नाम हटाने के लिए जमा किए जाने वाले फॉर्म-7 की स्थिति भी ऐसी ही है। कुल 1396 फॉर्म-7 प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 857 का निस्तारण किया गया है।
किस फॉर्म का क्या है उपयोग
SIR के दौरान फॉर्म-6 का इस्तेमाल ऐसे एलिजिबल नागरिक करते हैं, जिनका नाम वोटर लिस्ट में नहीं है और वे अपना नाम शामिल कराना चाहते है। 18 वर्ष या उससे अधिक उम्र पूरी कर चुके नए वोटर भी इसी फॉर्म के जरिए नाम जुड़वाते हैं।
क्या है फॉर्म-6ए
फॉर्म-6ए विदेश में रहने वाले भारतीय नागरिकों के लिए वोटर लिस्ट में नाम दर्ज कराने से संबंधित है। फॉर्म-7 का इस्तेमाल वोटर लिस्ट से नाम हटाने के लिए किया जाता है, जबकि फॉर्म-8 के जरिए पहले से दर्ज वोटर के नाम, पते या अन्य विवरण में सुधार कराया जा सकता है।



