84 लाख वॉट्सऐप अकाउंट बैन, क्यों भारतीय यूजर पर सख्त है कंपनी

नई दिल्ली. देश के सबसे बड़े सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म वॉट्सऐप ने देश के करीब 84 लाख अकाउंट को बैन कर दिया है. वॉट्सऐप की मूल कंपनी मेटा ने यह कार्रवाई महज एक महीने में ही कर दी है. कंपनी का कहना है कि उसके प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल स्कैम के लिए किया जा रहा था, लिहाजा कंपनी ने इन संदिग्ध अकाउंट को बैन कर दिया है. वॉट्सऐप को कई यूजर्स ने इस तरह के स्कैम की जानकारी दी थी और उसके प्लेटफॉर्म पर इसकी शिकायत की थी.
कंपनी की ओर से जारी ट्रांसपरेंसी रिपोर्ट में बताया गया कि यूजर की सुरक्षा के लिए मेटा ने करीब 8,458,000 वॉट्सऐप अकाउंट को बैन कर दिया है. यह कार्रवाई सूचना तकनीकी कानून की धारा 4(1)(d) और 3A(7) का पालन करने के लिए की गई है. लगातार मिल रही शिकायतों के बाद वॉट्सऐप ने निगरानी बढ़ा दी थी और जिन खातों को संदग्धि पाया गया, उन्हें कंपनी ने बैन कर दिया है.
एक महीने हुई कार्रवाई
कंपीन की रिपोर्ट से पता चलता है कि मेटा ने 1 से 31 अगस्त के बीच इन सभी खातों को बैन किया है. इसमें से 16.61 लाख अकाउंट को तत्काल बंद कर दिया गया था, जबकि शेष को जांच के बाद संदिग्ध पाए जाने पर बैन किया गया. कंपनी ने 16 लाख से ज्यादा खातों को बिना यूजर की शिकायत के ही बंद कर दिया, क्योंकि निगरानी के दौरान इनके गलत इस्तेमाल की बात सामने आई थी.
कंपनी को मिली 10 हजार से ज्यादा शिकायत
रिपोर्ट में बताया गया है कि कंपनी को अगस्त, 2024 में यूजर की ओर से 10,707 शिकायतें मिली हैं. इसमें से कंपनी ने 93 के खिलाफ सख्त कदम उठाए. इसके अलावा ईमेल और अन्य माध्यमों से मिली शिकायतों की भी गहनता से जांच कराई गई. कंपनी का कहना है कि इनमें से ज्यादातर अकाउंट स्कैम और शोषण से जुड़ी शिकायतों के थे.



